कोरोना वायरस के कारण आम जनजीवन पर असर पड़ने के साथ शहर के पार्कों की सुंदरता भी खत्म होने लगी है। लॉकडाउन के कारण करीब 4.5 महीने से पार्कों की देखभाल बंद हो गई है। पार्कों में लंबी-लंबी झाडियां उग आई हैं। बच्चों के लिए लगाए झूले व अन्य खेल उपकरण में जंग लगने लगे हैं। इधर, रांची सहित राज्य भर में जिस तेजी से कोरोना पॉजिटिव की संख्या में बढ़ोतरी हो रही है, उसे देखते हुए इन पार्कों को खोले जाने की उम्मीद भी नजर नहीं आ रही है। ऐसे में रांची नगर निगम के करीब डेढ़ दर्जन पार्क की सुंदरता खत्म हो रही है।
अधिकतर पार्क को निगम टेंडर के माध्यम से संचालित कराता है। देखरेख भी उन्हीं के जिम्मे है। लेकिन पार्क बंद रहने के कारण संचालक भी इस ओर ध्यान नहीं दे रहे हैं। उनका कहना है कि एक रुपए भी आमदनी नहीं हो रही है। ऐसे में पार्क की देखरेख करना संभव नहीं हो पा रहा है। पार्क के कर्मियों को भी चार माह से वेतन नहीं दिया गया है। संचालकों के अनुसार निगम को पत्र लिखकर लॉकडाउन अवधि का शुल्क नहीं लेने का अनुरोध किया गया है।
चिल्ड्रेन पार्क मोरहाबादी...
मोरहाबादी मैदान से सटा चिल्ड्रेन पार्क भी बर्बाद होने लगा है। पार्क बंद रहने के कारण साफ-सफाई नहीं हो पा रही है। झाड़ियां उग आई है। पार्क में लगे उपकरण भी अब देखरेख के अभाव में खराब हो रहे हैं।
कोकर डिस्ट्रिलरी तलाब पार्क...
डिस्टिलरी पार्क की फेंसिंग के लिए लगाए गए तार-तार जगह-जगह से काट दिए गए। शाम होते ही पार्क में शराबी-नशेड़ियों की भीड़ जुटने लगती है। यह पार्क लॉकडाउन होने से पहले से ही बंद पड़ा है।
झाड़ियों में गुम... नगर निगम पार्क मोरहाबादी
मोरहाबादी सीएम आवास के पीछे स्थित नगर निगम पार्क भी अब झाड़ियों में गुम होता जा रहा है। पार्क में बच्चों के खेलने के लिए लगाए गए लोहे के सारे उपकरण खराब हो रहे हैं।
Download Dainik Bhaskar App to read Latest Hindi News Today
from Dainik Bhaskar https://ift.tt/3kEn99Q






No comments:
Post a Comment