इंदिरा गांधी कृषि विश्वविद्यालय रायपुर के अंतर्गत कृषि महाविद्यालय एवं अनुसंधान केंद्र नारायणपुर और इंडियन डायटिक्स एसोसिएशन छत्तीसगढ़ रायपुर के संयुक्त तत्वावधान में मंगलवार को पोषण जागरूकता कार्यशाला का आयोजन ग्राम पालकी में किया गया। इस अवसर पर कृषि महाविद्यालय की अधिष्ठाता डॉ. रत्ना नशीने ने महिलाओं को खाद्य समूह व पोषण तत्वों की जानकारी देते हुए पौष्टिक भोजन कैसे तैयार जा सकता है, इस विषय पर जानकारी दी।
उन्होंने बताया कि खाद्यान्नों से उर्जा, दालों व मांसाहार से प्रोटिन, घी, तेल, मक्खन आदि से वसा, फल और सब्जियों से विटामिंस, खनिज लवण तथा रेशा प्राप्त होता है। इसके साथ ही शुध्द जल के महत्व को बताते हुए डॉ. नशीने ने दूषित जल से होने वाली बीमारियों जैसे पीलिया, टाइफाइड की जानकारी भी महिलाओं को दी। इस कार्यशाला में प्रायोगिक रूप से मिश्रित अनाज के आटाें का जैसे चावल, रागी, गेहूं आटा, बेसन एवं मौसमी सब्जियों का प्रयोग कर चीला तैयार किया गया तथा अंकुरित चना का सलाद को प्रोयोगिक रूप से बनाकर दिखाया गया तथा इसमें उपलब्ध पोषक तत्वों की जानकारी दी गई। इस कार्यक्रम में 20 महिलाओं ने भाग लिया। कोविड-19 के नियमों का पालन करते हुए पोषण माह कार्यक्रम के अंतर्गत यह कार्यशाला आयोजित की गई। इस कार्यक्रम में आंगनबाड़ी कार्यकर्ता मानदयी नाग, रमिला दुग्गा, अनिता गार्डी आदि का सहयोग रहा।
Download Dainik Bhaskar App to read Latest Hindi News Today
from Dainik Bhaskar https://ift.tt/3mJ21jJ






No comments:
Post a Comment